उत्तर भारत में मानसून की ताबड़तोड़ एंट्री: यूपी-उत्तराखंड समेत कई राज्यों में भारी बारिश का अलर्ट, दिल्ली में आंधी-तूफान की चेतावनी
उत्तर भारत के बड़े हिस्से में भीषण उमस और गर्मी से परेशान लोगों के लिए राहत की खबर है। मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, मानसून के एक बार फिर सक्रिय होने से उत्तर प्रदेश, दिल्ली-NCR और उत्तराखंड समेत कई राज्यों में भारी बारिश का दौर शुरू होने जा रहा है। जहां इस बारिश से तापमान में गिरावट आएगी और उमस से निजात मिलेगी, वहीं कई निचले इलाकों में जलभराव (Waterlogging) का खतरा भी बढ़ गया है।
🚨 उत्तर प्रदेश: 50 से अधिक जिलों में 'ऑरेंज और रेड अलर्ट'
यूपी में मानसून की सक्रियता सबसे ज्यादा देखने को मिल रही है। मौसम विभाग ने राज्य के 50 से अधिक जिलों में अगले 24 से 48 घंटों के लिए भारी से बहुत भारी बारिश का ऑरेंज और रेड अलर्ट जारी किया है।
ताजनगरी आगरा का हाल: आगरा में घने बादल छाए हुए हैं। यहाँ हल्की से मध्यम बारिश की प्रबल संभावना जताई गई है। बारिश के चलते आज आगरा का अधिकतम तापमान 28°C के आसपास रहने का अनुमान है, जिससे मौसम सुहावना बना रहेगा। इसके साथ ही शहर का वायु गुणवत्ता सूचकांक (AQI) 88 रिकॉर्ड किया गया है, जो 'मध्यम' श्रेणी में आता है।
⚡ दिल्ली-एनसीआर: तेज आंधी के साथ 'येलो अलर्ट' जारी
देश की राजधानी दिल्ली और उसके आसपास के इलाकों (नोएडा, गाजियाबाद, गुरुग्राम और फरीदाबाद) में आज मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने वाला है। मौसम विभाग ने दिल्ली-NCR के लिए येलो अलर्ट जारी किया है। आज दिनभर तेज आंधी चलने और झमाझम बारिश होने की पूरी संभावना है, जिससे पिछले कई दिनों से पड़ रही चिपचिपी गर्मी से दिल्लीवासियों को बड़ी राहत मिलेगी।
🏔️ उत्तराखंड: आफत की बारिश, रेड अलर्ट के बाद स्कूल बंद
पहाड़ी राज्य उत्तराखंड में स्थिति अधिक संवेदनशील बनी हुई है। मौसम विभाग ने उत्तराखंड में भारी से अत्यंत भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है। लगातार हो रही मूसलाधार बारिश के चलते पहाड़ों पर भूस्खलन (Landslides) का खतरा बढ़ गया है। सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने एहतियात के तौर पर कई प्रभावित जिलों में आज स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों को बंद रखने का आदेश दिया है।
मौसम विभाग की सलाह:
आईएमडी (IMD) ने भारी बारिश और आंधी के अलर्ट को देखते हुए लोगों को बेवजह घरों से बाहर न निकलने की सलाह दी है। पहाड़ी क्षेत्रों में यात्रा कर रहे पर्यटकों और स्थानीय लोगों को विशेष रूप से नदी-नालों और संवेदनशील रास्तों से दूर रहने की हिदायत दी गई है।